अमरावती आंध्र प्रदेश की राजधानी कब बना? - amaraavatee aandhr pradesh kee raajadhaanee kab bana?

आंध्र प्रदेश में वाईएसआर कांग्रेस की जगन मोहन रेड्डी सरकार अमरावती से कहीं दूसरी जगह नई राजधानी बना सकती है. मंत्री और पार्टी के नेताओं की बयानबाजी से इसके संकेत मिल रहे हैं. पिछली टीडीपी सरकार में जब मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू, हैदराबाद से राज्य की राजधानी अमरावती में शिफ्ट कर रहे थे तब विपक्ष में रहते हुए जगन मोहन रेड्डी ने इसका मुखर होकर विरोध किया था. अमरावती को आंध्र प्रदेश की राजधानी बनाने में बड़े घोटाले का जगन आरोप लगा चुके हैं. जगन मोहन रेड्डी ने तब कहा था कि आंध्र प्रदेश में सीएम रहते चंद्रबाबू नायडू की कंपनियों ने अमरावती में किसानों से औने-पौने दाम पर जमीन खरीदने का खेल किया है.

बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी अमरावती का विकल्प ढूंढने में लगे हैं. नई राजधानी के लिए शिवरामकृष्णनन कमिटी के प्रस्तावों पर भी सरकार विचार कर रही है. इसके लिए वह बैठकें भी बुला रहे हैं. अगर अमरावती से कहीं और राजधानी बनाने का सीएम जगन ने फैसला किया तो चंद्रबाबू नायडू को बड़ा झटका लगेगा. अमरावती में नई राजधानी बनाना चंद्रबाबू नायडू का ड्रीम प्रोजेक्ट रहा है.

मुख्यमंत्री रहने के दौरान नायडू कहते थे कि अमरावती को वह ऐसी मॉडल राजधानी बनाएंगे कि देश के दूसरे राज्य भी प्रेरणा लेंगे. नायडू ने टीडीपी सरकार के वक्त अमरावती में राजधानी बनाने के लिए 33 हजार एकड़ जमीन अधिग्रहीत की थी. हालांकि उपजाऊ इलाकों में शुमार अमरावती में राजधानी बनाने को लेकर विरोध होता आया है. नायडू के बुलाने पर वर्ष 2015 में पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमरावती में नई राजधानी की नींव रखी थी.

उस वक्त कहा गया था कि 2024 तक नई राजधानी  पूरी तरह बन जाएगी. बता दें कि आंध्र प्रदेश के विभाजन के बाद राजधानी हैदराबाद तेलंगाना के खाते में गई थी. विभाजन के दौरान तय हुआ था कि नई राजधानी बनने तक आंध्र प्रदेश की सरकार हैदराबाद को राजधानी के रूप में इस्तेमाल कर सकती है.

मंत्री ने कहा-बाढ़ में डूब जाता है अमरावती

दरअसल, हाल में आंध्र प्रदेश के शहरी विकास मंत्री बोत्सा सत्यनारायण ने कहा था कि कृष्णा नदी का क्षेत्र बाढ़ग्रस्त है, लिहाजा अमरावती को राजधानी बनाने के फैसले पर पुनर्विचार करने की जरूररत है. क्योंकि यहां बाढ़ आ जाती है. अमरावती में बांध आदि बनाने की जरूरत है. उन्होंने अमरावती में राजधानी बनाने में ज्यादा खर्च आने की भी बात कही थी. कहा कि अगर दूसरे स्थानों पर राजधानी के निर्माण के लिए एक लाख रुपये लगता है तो अमरावती में दो लाख खर्च करने पड़ते हैं. मंत्री के इस बयान के बाद राज्य में अटकलें लगने लगीं हैं कि जगन सरकार किसी और जगह राजधानी शिफ्ट कर सकती है.

बीजेपी ने कहा- राजधानी पर जगन स्पष्ट करें रुख

आंध्र प्रदेश में नई राजधानी को लेकर जारी असमंजस के बीज बीजेपी ने इस पर जगन मोहन रेड्डी सरकार से रुख स्पष्ट करने की मांग की है. बीजेपी का कहना है कि नायडू सरकार में अमरावती में नई राजधानी के निर्माण पर नौ हजार करोड़ से ज्यादा खर्च कर दिए गए.

ऐसे में हैदराबाद के अमरावती और फिर अमरावती से कहीं और राजधानी शिफ्ट करने से जनता की धनराशि का दुरुपयोग होगा.बीजेपी के राज्यसभा सांसद और प्रवक्ता जीवीएम नरसिम्हा राव का कहना है कि जगन मोहन सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि क्या वह अमरावती को राज्य की राजधानी के रूप में आगे बढ़ाना चाहती है या उसकी कोई वैकल्पिक योजना है.

सांसद बोले- चार राजधानी बनाने की तैयारी

भाजपा के राज्यसभा सांसद टीजी वेंकटेश ने हाल में दावा किया था कि जगन मोहन रेड्डी राज्य में चार राजधानी बनाना चाहते हैं. इस प्लान को दिल्ली में वह बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व से साझा भी कर चुके हैं. राज्यसभा सांसद वेंकटेश ने जगन मोहन के इस प्लान का समर्थन भी किया. कहा कि इससे राज्य के सभी क्षेत्रों का समान रूप से विकास होगा. राज्यसभा सांसद ने दावा किया कि मुख्यमंत्री जगन विजयनगरम, काकीनाडा, गुंटूर और कडपा शहर में राजधानी बनाना चाहते हैं.

Andhra pradesh ki rajdhani : प्रत्येक देश और राज्य की राजधानी होती है जो कि उसके संपूर्ण प्रशासनिक व आर्थिक कार्यों का केंद्र मानी जाती हैं

किसी राज्य या देश की राजधानी उस राज्य में या देश में मौजूद वह स्थान होता है जहां से उस राज्य या संपूर्ण देश को चलाया जाता है और उसी राजधानी से संपूर्ण महत्वपूर्ण निर्णयों को लागू किया जाता है

आज भारत में 28 राज्यों व  8 केंद्र शासित प्रदेशों की राजधानियां अस्तित्व में है और साथ ही साथ स्वयं भारत की राजधानी नई दिल्ली है जहां से संपूर्ण भारत की दिशा व दशा तय की जाती है

भारत के 28 राज्यों में से ही एक राज्य हैं आंध्र प्रदेश जो कि भारत के महत्वपूर्ण राज्य में से एक हैं

आज के इस लेख में हम आंध्र प्रदेश की राजधानी के बारे में चर्चा करने वाले हैं और देखने वाले हैं कि Andhra pradesh ki rajdhani कौन सी जगह स्थित है और इस की क्या-क्या विशेषताएं हैं

इसके साथ ही साथ हम इस की पुरानी राजधानी, व वर्तमान में इसकी कितनी राजधानियां हैं उनको भी देखने वाले हैं, हमें आशा है इससे आपको आंध्र प्रदेश की राजधानियों के बारे में सभी मुख्य जानकारियाँ मिल जाएँगी

 

Capital Of Andhra Pradesh in Hindi 

 

विषय

  • Andhra Pradesh Ki Rajdhani – आंध्र प्रदेश की राजधानी क्या है
  • वर्तमान मे आंध्र प्रदेश की 3 राजधानियां है 
  • अमरावती है आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी 
  • विशाखापट्टनम है आंध्र प्रदेश की दूसरी राजधानी 
  • कर्नूल है आंध्र प्रदेश की तीसरी राजधानी
  • आंध्र प्रदेश की सबसे पहली राजधानी कौन सी है 
  • आंध्र प्रदेश व इसकी राजधानी की स्थापना
  • आंध्र प्रदेश व इसकी  राजधानियों से जुड़े कुछ रोचक तथ्य
  • आंध्र प्रदेश के अलावा भारत में दो राजधानी वाले राज्य
  • FAQs : Andhra pradesh ki rajdhani
  • Conclusion

Andhra Pradesh Ki Rajdhani – आंध्र प्रदेश की राजधानी क्या है

 

 

 आंध्र प्रदेश की वर्तमान राजधानी अमरावती हैं जिसका गठन 2014 के बाद किया गया था 

अमरावती को लोकल भाषा में गुंटूर भी कहा जाता है परंतु हम आपकी जानकारी के लिए बता दें कि एक अमरावती महाराष्ट्र में भी स्थित है जिसका संबंध आंध्रप्रदेश से नहीं है

2014 से पहले आंध्र प्रदेश एक विशाल राज्य हुआ करता था जिसमें की आज का तेलंगाना राज्य भी शामिल था, परंतु जून 2014 में आंध्र प्रदेश को दो अलग-अलग भागों में विभाजित करते हुए एक नए राज्य तेलंगाना का गठन किया गया

2014 अर्थात की विभाजन से पहले आंध्र प्रदेश की राजधानी हैदराबाद हुआ करती थी जो कि विभाजन के बाद आज के समय में तेलंगाना की राजधानी बनी हुई है, इस कारण से हैदराबाद में स्थित हाई कोर्ट भी तेलंगाना में चला गया

जिसके कारण आंध्र प्रदेश की राजधानी अमरावती में एक नए हाईकोर्ट का गठन किया गया जो कि हमारे देश का 25 वा हाई कोर्ट बना

 आंध्र प्रदेश की स्थापना के पश्चात अभी तक इसके 4 राजधानियां अस्तित्व में आई है जोकि निम्नलिखित हैं  

  • हैदराबाद
  • अमरावती
  • विशाखपट्नम
  • कर्नूल

समय के साथ-साथ व आवश्यकता अनुरूप आंध्र प्रदेश में अपनी राजधानियों को अलग-अलग जगह पर स्थापित किया है जिससे कि प्रशासनिक सरलता आंध्र प्रदेश में लाई जा सके

वर्तमान मे आंध्र प्रदेश की 3 राजधानियां है 

 

 

आज देखा जाए तो भारत के कई राज्यों की दो-दो या तीन तीन राजधानियां हैं

ऐसा करने के पीछे उन राज्यों का एक ही उद्देश्य रहता है कि सभी कामों को व्यक्ति सरलता से निष्पादित किया जा सके, आंध्र प्रदेश ने भी प्रशासनिक सरलता को अपनाने के लिए वर्तमान में अपनी तीन राजधानियां बनाने का सोच रखा है जो के निम्नलिखित हैं

  • अमरावती है आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी 

 

 

आंध्र प्रदेश द्वारा अमरावती को अपनी विधाइ राजधानी के तौर पर विकसित किया जाएगा अर्थात की अमरावती आंध्र प्रदेश की Legislative Capital होगी

आंध्र प्रदेश की विधान सभा तथा विधान परिषद अमरावती में ही संचालित होंगी क्योंकि अमरावती आंध्र प्रदेश की विधाई राजधानी है

आंध्र प्रदेश भारत के अन्य राज्यों में से एक है जहां पर विधान परिषद भी संचालित होती हैं आंध्र प्रदेश के अलावा उत्तर प्रदेश, बिहार कर्नाटक, महाराष्ट्र और तेलंगाना में विधान परिषद संचालित होती हैं

आंध्र प्रदेश के संबंध में जो भी अधिनियम तथा कानून बनाए जाएंगे वह सभी कानून अमरावती में बैठकर ही बनाए जाएंगे व उनको अमरावती में ही अधिनियमित किया जाएगा

  • विशाखापट्टनम है आंध्र प्रदेश की दूसरी राजधानी 

 

 

विशाखापट्टनम आंध्र प्रदेश का एक महत्वपूर्ण जिला माना जाता है क्योंकि यह समुद्र तट से जुड़ा हुआ है और इस कारण से यह व्यापार के दृष्टिकोण से भी आंध्र प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण स्थान है

इसी को ध्यान में रखते हुए एक आंध्र प्रदेश की विधानसभा द्वारा विशाखापत्तनम को आंध्र प्रदेश के कार्यकारी राजधानी के रूप में अपनाने का प्रस्ताव रखा गया है

विशाखापत्तनम को आंध्र प्रदेश की Executive Capital कहा जाएगा,कार्यकारी राजधानी का अर्थ होता है कि आंध्र प्रदेश में जो भी सरकारी कामकाज किए जाएंगे

उनका संचालन तथा उनके बारे में दिशानिर्देश विशाखापत्तनम से ही जारी किए जाएंगे तथा उन सभी की मॉनिटरिंग करना भी विशाखापत्तनम मे ही संचालित होगा, आंध्र प्रदेश की सरकार द्वारा जो भी राज्य के लिए योजनाएं तथा कार्यक्रम चलाए जाएंगे उन को लागू करने की जिम्मेदारी विशाखापत्तनम पर ही रहेगी

  • कर्नूल है आंध्र प्रदेश की तीसरी राजधानी

 

 

आंध्र प्रदेश भारत का पहला राज्य बनेगा जिसकी तीन-तीन राजधानियां हैं , अमरावती तथा विशाखपट्नम के अलावा आंध्र प्रदेश

अपनी एक और अन्य राजधानी को कुरनूल में भी स्थापित करेगा, कुरनूल को आंध्र प्रदेश की न्यायिक राजधानी बनाया जाएगा और इसे आंध्र प्रदेश की Judiciary Capital के नाम से पहचाना जाएगा

2014 में आंध्र प्रदेश से तेलंगाना को अलग करने के पश्चात हैदराबाद में स्थित हाई कोर्ट भी आंध्र प्रदेश में चला गया था

इस कारण से कुरनूल में आंध्र प्रदेश के हाई कोर्ट संबंधित कार्य संचालित किए जाएंगे और यहां से ही संपूर्ण आंध्र प्रदेश की न्यायिक व्यवस्था को संचालित किया जाएगा तथा अधिनियमित किया जाएगा

इस प्रकार से आंध्रप्रदेश अपनी तीन तीन राजधानियां बनाकर इन सभी जगहों पर अलग-अलग प्रकार के कार्यों को संचालित करेगा जिससे कि आंध्रप्रदेश को बहुत ही आसानी से चलाया जा सके

साथ ही साथ आंध्र प्रदेश भारत का वर्तमान में एकमात्र राज्य बन जाएगा जिसकी तीन तीन राजधानियां संचालित होगी 

आंध्र प्रदेश की सबसे पहली राजधानी कौन सी है 

आंध्र प्रदेश भारत के उन गिने-चुने राज्यों में से एक है जिसका गठन स्वतंत्रता के पश्चात ही कर दिया गया था और उस समय आंध्र प्रदेश का भौगोलिक क्षेत्रफल बहुत बड़ा था, क्योंकि इसमें वर्तमान मे भारत का राज्य तेलंगाना भी शामिल था

आंध्र प्रदेश की स्थापना 11 जिलों के साथ 1956 में हुई थी और 1956 में ही हैदराबाद को भारत में जोड़ा गया था

हैदराबाद के भारत में विलय के साथ ही आंध्र प्रदेश की राजधानी के रूप में हैदराबाद को स्थापित किया गया परंतु हैदराबाद से भी पहले आंध्र प्रदेश की राजधानी कुरनूल थी

अतः आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी के रूप में कुरनूल को ही माना जाएगा वहीं 1956 में आंध्र प्रदेश की दूसरी राजधानी के रूप में हैदराबाद को स्थापित किया गया था

2014 में आंध्र प्रदेश व तेलंगाना भाषाई विविधता के कारण दो अलग-अलग राज्यों में बांट दिए गए, इस कारण से हैदराबाद को बाद में तेलंगाना की राजधानी बना दिया गया

आंध्र प्रदेश व इसकी राजधानी की स्थापना

आंध्र प्रदेश तथा तेलंगाना दोनों भारत के वे राज्य हैं जहां सर्वाधिक मात्रा में तेलुगु भाषा बोली जाती हैं तथा साथ ही साथ यहां पर विधान परिषद भी स्थापित हैं

आंध्र प्रदेश की स्थापना 1953 में ही कर दी गई थी और उस समय आंध्र प्रदेश में बस 11 जिले हुआ करते थे, पर 1956 में भारतीय सेना द्वारा हैदराबाद का विलय भारत में जबरदस्ती कर दिया गया क्योंकि हैदराबाद का निजाम भारत की सेनाओं के प्रति बहुत ही उग्र था

यह निजाम हैदराबाद को स्वतंत्र रखना चाहता था और एक अलग राष्ट्र बनाना चाहता था, जब हैदराबाद को 1956 में भारत में मिला दिया गया तो आंध्र प्रदेश की अगली राजधानी के रूप में हैदराबाद को ही स्थापित किया गया

उस समय आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी जो कि 1953 में बनाई गई थी उसे हटा दिया गया, 1953 में आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी के रूप में कुरनूल को स्थापित किया गया था

आंध्र प्रदेश व इसकी  राजधानियों से जुड़े कुछ रोचक तथ्य

  • हमारे राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे के डिजाइनर श्री पिंगली वेंकैया का संबंध आंध्र प्रदेश से ही है
  • आंध्र प्रदेश भारत का वह राज्य है जहां सबसे ज्यादा तेलुगु भाषा बोली जाती है
  • आंध्र प्रदेश में सबसे बड़ी फिल्म इंडस्ट्री स्थित है जिसका नाम रामोजी फिल्म सिटी हैं
  • आंध्र प्रदेश से भारत में सर्वाधिक राष्ट्रपति आए हैं
  • आंध्र प्रदेश पश्चिमी घाट तथा पूर्वी घाट के मध्य में स्थित होने के कारण बहुत उपजाऊ माना जाता है
  • भारत में गुजरात के बाद सबसे लंबा समुद्र तट किसी राज्य का है तो वह आंध्र प्रदेश ही हैं
  • आंध्र प्रदेश क्षेत्रफल की दृष्टि से भारत का  सातवा सबसे बड़ा राज्य है
  • आंध्र प्रदेश जनसंख्या की दृष्टि से भारत का पांचवा सबसे बड़ा राज्य हैं
  • बहुत ज्यादा उपजाऊ मिट्टी होने के कारण यहां पर अनाज भी प्रचुर मात्रा में होता है जिस कारण से आंध्र प्रदेश को भारत का धान का कटोरा भी कहा जाता है
  • February 2014 मे भारतीय संसद में आंध्र प्रदेश को दो भागों में बांट दिया था जिससे एक नए राज्य का निर्माण किया गया था जोकि तेलंगाना था
  • आंध्र प्रदेश में पुडुचेरी का एक जिला भी आता है जिसका नाम Yanam हैं क्योंकि पुडुचेरी एक केंद्र शासित प्रदेश हैं जिस कारण से इसके 4 जिले अलग-अलग राज्यों में बटे हुए हैं
  • आंध्र प्रदेश का गठन 1 नवंबर 1956 को किया गया था और इसी दिन इसे आंध्र प्रदेश नाम भी मिला था
  • आंध्र प्रदेश का राज्य पेड़ नीम है
  • आंध्र प्रदेश का राज्य खेल कबड्डी है
  • आंध्र प्रदेश का राज्य नृत्य कुचिपुड़ी है
  • आंध्र प्रदेश का राज्य फूल कुमुदिनी है
  • आंध्र प्रदेश का राज्य पक्षी नीलकंठ है
  • आंध्र प्रदेश का राज्य पशु चिंकारा है
  • आंध्र प्रदेश की राजकीय भाषा तेलुगु है
  • आंध्र प्रदेश में कुल 175 विधानसभा की सीटें हैं
  • आंध्र प्रदेश में कुल 58 विधान परिषद की सीटें हैं
  • आंध्र प्रदेश में कुल राज्य सभा के सदस्यों की संख्या 12 है
  • आंध्र प्रदेश में कुल लोकसभा सदस्यों की संख्या 25 हैं
  • वर्तमान में आंध्र प्रदेश में कुल 26 जिले विद्यमान है
  • वर्तमान में आंध्र प्रदेश में तीन राजधानियां स्थापित की जाएगी जिनमें से अमरावती को आंध्र प्रदेश की विधाई राजधानी बनाया जाएगा तथा कुरनूल को न्यायिक राजधानी तथा विशाखापत्तनम को कार्यकारी राजधानी के रूप में स्थापित किया जाएगा

आंध्र प्रदेश के अलावा भारत में दो राजधानी वाले राज्य

  • उत्तराखंड की दो राजधानियां अस्तित्व में है पहली देहरादून जो कि सर्दियों में उत्तराखंड की राजधानी होती है तथा दूसरी  है गैरशेन जो कि गर्मियों में उत्तराखंड की राजधानी होती है
  • वहीं इसके पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश की भी दो राजधानियां हैं जिनमें से शिमला हिमाचल प्रदेश की गर्मी की राजधानी है वही धर्मशाला हिमाचल प्रदेश की सर्दी की राजधानी है
  • इसके अलावा हाल ही में महाराष्ट्र ने भी अपनी दो राजधानियां बना ली है जिनमें से मुंबई महाराष्ट्र की गर्मी की राजधानी है तथा नागपुर महाराष्ट्र की सर्दी की राजधानी मानी जाएगी
  • इसके अलावा भारत के 2 राज्य पंजाब तथा हरियाणा एक ही राजधानी को शेयर करते हैं जिसका नाम है चंडीगढ़, चंडीगढ़ इन दोनों राज्यों की राजधानी होने के साथ साथ ही एक केंद्र शासित प्रदेश भी हैं

इस प्रकार से उक्त सभी राज्यों की दो दो राजधानियां वर्तमान में संचालित की आंध्र प्रदेश जा रही हैं

FAQs : Andhra pradesh ki rajdhani

सवाल : Andhra pradesh ki Rajdhani क्या है

आंध्र प्रदेश की वर्तमान राजधानी अमरावती या गुंटूर है

सवाल : आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी कौन सी थी

आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी कुरनूल थी

सवाल : आंध्र प्रदेश का विभाजन कब किया गया

आंध्र प्रदेश का विभाजन 2014 में किया गया

सवाल : आंध्र प्रदेश की विधाई राजधानी कौन सी है

आंध्र प्रदेश के विधाई राजधानी अमरावती या गुंटूर हैं

सवाल : आंध्र प्रदेश की कार्यकारी राजधानी कौन सी है

आंध्र प्रदेश की कार्यकारी राजधानी विशाखापत्तनम है

सवाल : आंध्र प्रदेश की न्यायिक राजधानी कौन सी है

आंध्र प्रदेश की न्यायिक राजधानी कुरनूल हैं

सवाल : आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी कब बनी थी

1953 में कुरनूल को आंध्र प्रदेश की पहली राजधानी बनाया गया था

सवाल : आंध्र प्रदेश की दूसरी राजधानी कब बनी थी

1956 में हैदराबाद को आंध्र प्रदेश की दूसरी राजधानी बनाया गया था

सवाल : वर्तमान में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री कौन हैं

वर्तमान में आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाईएसआर जगन मोहन रेड्डी हैं

सवाल : वर्तमान में आंध्र प्रदेश के राज्यपाल कौन हैं

वर्तमान में आंध्र प्रदेश के राज्यपाल विश्व भूषण हरिचंदन है

Conclusion

पाठकों को हम आशा करते हैं कि आपको आज का हमारा यह लेख Andhra Pradesh Ki Rajdhani बहुत ज्यादा पसंद आया होगा और इसे पढ़कर आपको बहुत जानकारी प्राप्त हुई होगी

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आंध्र प्रदेश की राजधानी अमरावती कब बनाई गई?

स्थापना अमरावती नगर की नींव २२ अक्टूबर २०१५ को उदंडरायणपालम क्षेत्र में रखी गई। इस समारोह में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री, एन चंद्रबाबू नायडू, तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव, जापान के वित्त मंत्री योसुके ताकागी और सिंगापुर की वित्त मंत्री एस ईश्वरन उपस्थित थे।

अमरावती से पहले आंध्र प्रदेश की राजधानी कौन सी थी?

आँध्रप्रदेश की कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां तीन राजधानियों में अमरावती , विशाखापत्तनम और कुर्नूल हैं। आंध्र प्रदेश की स्थापना 11 जिलों के साथ वर्ष 1953 में हुई थी और उस समय इसकी राजधानी कर्नूल थी। इसके बाद आंध्र प्रदेश में हैदराबाद के 1956 में जुड़ने के बाद हैदराबाद को ही इसकी राजधानी बनाया गया।

1956 से पहले आंध्र प्रदेश की राजधानी क्या थी?

1 अक्टूबर 1953 को आन्ध्र ने कर्नूल को अपनी राजधानी के साथ राज्य का दर्जा पाया। 1 नवम्बर 1956 को आन्ध्र प्रदेश राज्य के निर्माण के लिए आन्ध्र राज्य का विलय हैदराबाद राज्य के तेलंगाना प्रांत से किया गया। हैदराबाद राज्य की विगत राजधानी हैदराबाद को नए राज्य आन्ध्र प्रदेश की राजधानी बनाया गया।

आंध्र प्रदेश की राजधानी क्या है 2022 में?

आंधप्रदेश की राजधानी अमरावती है। इस राज्य में बसा एक शहर हैदराबाद को नवाबों का शहर कहा जाता है।

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